POK के लोग क्या वाकई में भारत में शामिल हो सकते हैं? जानिए ये कितना मुमकिन

Khabarwala 24 News New Delhi: POK पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर यानी पीओके का मुद्दा भारत और पाकिस्तान के बीच लंबे समय से एक संवेदनशील और विवादास्पद विषय रहा है। पीओके पर दोनों देशों के बीच दशकों से विवाद और संघर्ष चलता आ रहा है। भारतीय संविधान के अनुसार, जम्मू और कश्मीर जिसमें क्कह्र्य भी शामिल है, […]

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Khabarwala 24 News New Delhi: POK पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर यानी पीओके का मुद्दा भारत और पाकिस्तान के बीच लंबे समय से एक संवेदनशील और विवादास्पद विषय रहा है। पीओके पर दोनों देशों के बीच दशकों से विवाद और संघर्ष चलता आ रहा है। भारतीय संविधान के अनुसार, जम्मू और कश्मीर जिसमें क्कह्र्य भी शामिल है, भारत का अभिन्न हिस्सा है।

हालांकि, फिलहाल POK पर पाकिस्तान का कब्जा है। अब सवाल उठता है कि क्या क्कह्र्य के लोग भारत में शामिल हो सकते हैं और अगर हां, तो इसके लिए भारतीय कानून क्या कहता है?

इसे संवैधानिक रूप से समझिए (POK)

भारतीय संविधान के अनुच्छेद 1 के अनुसार, भारत एक संघ है जिसमें राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के बारे में बताया गया है। जम्मू और कश्मीर भारतीय संघ का अभिन्न हिस्सा है और भारतीय संसद ने इस पर कई बार अपनी स्पष्ट स्थिति भी व्यक्त की है। अब इसे ऐसे समझिए कि भारत सरकार और भारतीय संविधान की दृष्टि में पूरा जम्मू और कश्मीर, जिसमें POK भी शामिल है, भारत का हिस्सा है। इसलिए जब भी कभी पीओके पर भारत का नियंत्रण होगा, पीओके के लोग अपने आप भारतीय नागरिक हो जाएंगे।

1994 में प्रस्ताव किया गया था पारित (POK)

दरअसल, भारतीय संसद ने 1994 में सर्वसम्मति से एक प्रस्ताव पारित किया था, जिसमें कहा गया था कि पाकिस्तान के कब्जे में कश्मीर का जो हिस्सा (POK ) है वो भारत का हिस्सा है और इसे वापस हासिल करने का प्रयास किया जाना चाहिए।

भारतीय नागरिकता कानून के हिसाब से समझे (POK)

भारतीय नागरिकता अधिनियम, 1955 के अनुसार, आप जन्म से, वंशानुगत आधार पर और रजिस्ट्रेशन के माध्यम से भारत की नागरिकता प्राप्त की जा सकती है। भारतीय संविधान के मुताबिक, पीओके के लोग पहले से ही भारत के नागरिक माने जाते हैं, क्योंकि भारतीय संविधान जम्मू और कश्मीर जिसमें पीओके भी शामिल है को राज्य के सभी निवासियों को भारतीय नागरिक मानता है।

सरकार भी यही मानती है (POK)

अगस्त 2019 में मोदी सरकार द्वारा अनुच्छेद 370 को निरस्त करने और जम्मू-कश्मीर के विशेष दर्जे को समाप्त करने के फैसले ने भी इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया। उस समय सरकार ने स्पष्ट रूप से कहा था कि POK भी उसी प्रक्रिया का हिस्सा है और इसे वापस लाने के लिए हर संभव कूटनीतिक और कानूनी प्रयास किए जाएंगे।

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Sheetal Kumar Nehra
Sheetal Kumar Nehrahttps://www.khabarwala24.com/
मेरा नाम Sheetal Kumar Nehra है। मैं एक सॉफ्टवेयर डेवलपर और कंटेंट राइटर हूं , मुझे मीडिया और समाचार सामग्री में 17 वर्षों से अधिक का विभिन्न संस्थानों (अमरउजाला, पंजाब केसरी, नवोदय टाइम्स आदि ) में कंटेंट रइटिंग का अनुभव है । मुझे वेबसाइट डिजाइन करने, वेब एप्लिकेशन विकसित करने और सत्यापित और विश्वसनीय आउटलेट से प्राप्त वर्तमान घटनाओं पर लिखना बेहद पसंद है।

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