तेल अवीव/तेहरान, 7 मार्च (khabarwala24)। अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच तनाव तेजी से बढ़ने के बीच संघर्ष आठवें दिन में प्रवेश कर गया है। इसी दौरान इज़रायल ने हमलों का नया दौर शुरू किया जबकि तेहरान के एक प्रमुख वाणिज्यिक हवाई अड्डे पर विस्फोटों की खबरें सामने आईं हैं।
28 फरवरी को तेहरान में हुए एक हमले से शुरू हुआ यह टकराव धीरे-धीरे और व्यापक होता गया है। यह शुरुआत में केवल हवाई हमलों और जवाबी कार्रवाइयों तक सीमित दिखाई दे रहा था। वह अब खाड़ी क्षेत्र में ड्रोन हमलों सहित एक बड़े संघर्ष में बदल गया है।
डोनाल्ड ट्रंप ने इस संकट पर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि ईरान के साथ तब तक कोई समझौता नहीं होगा, जब तक वह बिना शर्त आत्मसमर्पण नहीं करता।
उन्होंने यह सुझाव भी दिया कि ऐसे आत्मसमर्पण के बाद ईरान को नया नेतृत्व चुनने की दिशा में आगे बढ़ना चाहिए, जो उनके प्रशासन को स्वीकार्य हो।
इस बीच कुवैत की सेना ने बताया कि उसके वायु रक्षा तंत्र ने कई आने वाले खतरों को रोक दिया। शनिवार सुबह से शुरू हुई हमलों की कई लहरों में 12 ईरानी ड्रोन और 14 बैलिस्टिक या क्रूज़ मिसाइलों को मार गिराया गया।
इन अवरोधनों से हुए विस्फोटों की आवाज़ देश के कई हिस्सों में सुनी गई। हालांकि अधिकारियों ने कहा कि इससे केवल मामूली संपत्ति नुकसान हुआ, जो मिसाइलों के मलबे के गिरने से हुआ।
उधर, इजरायल डिफेंस फोर्सेज (आईडीएफ) ने उत्तरी इजरायल के निवासियों को बताया कि वे बम शेल्टर से बाहर आ सकते हैं क्योंकि हालिया ईरानी बैलिस्टिक मिसाइल प्रक्षेपण से उस क्षेत्र को सीधा खतरा नहीं था और चेतावनी सायरन भी नहीं बजे।
हालांकि बाद में इज़रायली सेना ने तेल अवीव, मध्य इज़राइल के बड़े हिस्सों और वेस्ट बैंक के निवासियों के लिए नया अलर्ट जारी किया। उसने ईरान से एक और मिसाइल प्रक्षेपण का पता लगाया है, जिससे पहले से ही अस्थिर क्षेत्रीय टकराव के और बढ़ने की आशंका बढ़ गई है।
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