खबरwala 24 न्यूज हापुड़: जिले के गोवंश का ब्यौरा अब एक क्लिक पर मुहैया होगा। गो-एप बनाने की कवायद चल रही है। एप बनाकर उसमें फोटो के साथ गोवंश की फोटो, मालिका का नाम, टैग नंबर आदि जानकारी अपलोड की जाएगी। इस एप के बनने के बाद पशुपालकों के लिए पशुओं को बेसहारा छोड़ देना आसान नहीं रह जाएगा।
जिले में बेसहारा गोवंश की संख्या दिन-प्रतिदिन बढ़ती जा रही है। नई गोशाला या गो आश्रय खुलने की गति भी इतनी तेज नहीं है। जब तक नया गो आश्रय स्थल बनाया जाता है तो बेसहारा गोवंश उसकी क्षमता से कई गुना अधिक तक खेतों और सड़कों पर नजर आने लगते हैं। अधिकारियों का मानना है कि लाेग अपने पालतू गोवंश को भी यूं ही छोड़ दे रहे हैं। जिसके चलते दुर्घटनाएं और किसानों की खेती का नुकसान हो रहा है। अब गो एप बनाने की तैयारी चल रही है। जिसमें फोटो खींचकर अपलोड किया जाएगा। साथ ही गोवंश का मालिक कौन है आदि जानकारी भी दी जाएगी। गो एप पर जिलेभर के गोवंश का ब्यौरा अपलोड किया जाना है। यह होने के बाद अगर कोई गोवंश सड़क पर घूमता-फिरता मिला तो फोटो से मिलान कर उसके पालक की जानकारी मिल जाएगी।
मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डाक्टर प्रमोद कुमार ने बताया कि अभी एप बनाने का काम किया जा रहा है। एप बनने के बाद इसे शीघ्र ही शुरू कर दिया जाएगा। जिसमें घर में मौजूद गोवंश के फोटो और जानकारी अपलोड हो जाएगी।


