खबरwala 24 न्यूज हापुड़: बढ़ती ठंड के साथ बर्फीली हवाओं के कारण लोगों को दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। इसके चलते लोग अपने-अपने घरों में दुबकने को मजबूर रहे। भीषण ठंड के चलते पार्कों से मार्निंग वाक पर निकलने वाले लोग भी गायब हो रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि अभी गलन भरी हवा से दुश्वारी और बढ़ सकती है।
पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी से मैदानी इलाकों में मौसम के तेवर लगातार ठंडे हो रहे हैं। बर्फीली हवा चलने के कारण लोगों का घरों से निकलना भी कम होता जा रहा है। शनिवार सुबह कोहरा के साथ साथ पाला भी जमकर पड़ा। कोहरा होने के कारण दृश्यता कम हो गई थी। बढ़ती ठंड को देखते हुए लोग सिर पर टोपी लगाने के साथ ही मफलर बांधे नजर आए। यहीं नहीं स्वेटर के साथ ही लोगों ने जैकेट का सहारा लिया। मजबूरन घर से निकलने वाले लोग सर्दियों से बचाव के लिए ग्लब्स, जूते, गर्म मौजे और इनरवियर पहनकर निकल रहे हैं। इंसान ही नहीं, पशु-पक्षी भी ऐसी सर्दी में बेहद परेशान हो रहे हैं।
कोहरे के कारण गड़बड़ाया ट्रेनों का संचालन
कड़ाके की ठंड से जनजीवन अस्त-व्यस्त होने लगा है। इसका असर ट्रेन संचालन पर पड़ रहा है। हापुड़ जंक्शन पर मुरादाबाद से दिल्ली जाने वाली मैमू को रद कर दिया गया है। जिस वजह से यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
स्टेशन के अधिकारियों ने बताया कि कड़ाके की सर्दी के साथ कोहरा भी पड़ रहा है। ऐसे में सबसे ज्यादा लंबी दूरी से संचालित होने वाली ट्रेनें अपने निर्धारित समय से घंटों की देरी से पहुंच रही है। उन्होंने बताया कि शनिवार को सद्भावना एक्सप्रेस नौ घंटे दस मिनट, दिल्ली एक्सप्रेस पांच घंटे, काशी विश्वनाथ एक्सप्रेस शनिवार को नहीं चली, पदमावत एक्सप्रेस चार घंटा 17 मिनट, लखनऊ मेल ढाई घंटा, नौचंदी एक्सप्रेस करीब तीन घंटे, सत्याग्रह एक्सप्रेस तीन घंटा 15 मिनट, इंटरसिटी एक्सप्रेस ढाई घंटा, आला हजरत एक्सप्रेस दो घंटा, अवध असम एक्सप्रेस करीब दो घंटे की देरी से पहुंची।


