Hapur गन्ना समिति में करोड़ों का घोटाला, डीएम अभिषेक पांडेय ने दिए जांच के आदेश, जाने क्या है मामला?

Khabarwala 24 News Hapur: यूपी के जनपद हापुड़ (Hapur) के डीएम अभिषेक पांडेय (Abhishek Pandey) को गन्ना सहकारी समिति में करोड़ों रुपये के गबन के सनसनीखेज मामले का पता चला। लिपिक पर बिल वाउचरों पर फर्जी हस्ताक्षर कर यह गबन करने का आरोप है। जांच में समिति के सचिव, बैंक अधिकारियों और अन्य कर्मचारियों की […]

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Khabarwala 24 News Hapur: यूपी के जनपद हापुड़ (Hapur) के डीएम अभिषेक पांडेय (Abhishek Pandey) को गन्ना सहकारी समिति में करोड़ों रुपये के गबन के सनसनीखेज मामले का पता चला। लिपिक पर बिल वाउचरों पर फर्जी हस्ताक्षर कर यह गबन करने का आरोप है। जांच में समिति के सचिव, बैंक अधिकारियों और अन्य कर्मचारियों की भूमिका भी संदिग्ध पाई गई है। जिलाधिकारी अभिषेक पांडेय ने चार सदस्यीय जांच कमेटी गठित की है, जो मंगलवार को अपनी रिपोर्ट सौंपेगी। मामले में एफआईआर दर्ज करने और गबन की राशि वसूलने के लिए आरसी जारी करने के आदेश दिए गए हैं।

गन्ना समिति में कैसे हुआ घोटाले का खुलासा?

घोटाले का खुलासा तब हुआ, जब चीनी मिल से समिति को 3 करोड़ रुपये ब्रजनाथपुर शुगर मिल से मिले, लेकिन बैंक ने खाते में राशि कम होने की बात कही। समिति कर्मचारियों ने बैंक से बैलेंस सीट की जांच की तो अभिलेखों के अनुसार बैंक में अधिक धनराशी थी। चरों की जांच में फर्जी हस्ताक्षर और विभिन्न खातों में राशि ट्रांसफर के साक्ष्य मिले। गन्ना चेयरमैन के कुणाल चौधरी ने इस घोटाले को उजागर किया।

फर्जी हस्ताक्षर से हुआ गबन

जांच में खुलासा हुआ कि लिपिक ने समिति के सचिव और एससीडीआई के हस्ताक्षर फर्जी तरीके से बनाए। इन वाउचरों को बैंक कर्मचारियों ने बिना सत्यापन के पास कर दिया, जिससे समिति के बचत खाते से पैसे निकाले गए। फर्जी वाउचरों का रिकॉर्ड समिति के डिस्पैच रजिस्टर में भी नहीं मिला। 25 अप्रैल से लिपिक कार्यालय नहीं आ रहा है और उसका फोन बंद है। उसकी गुमशुदगी हापुड़ देहात थाने में दर्ज की गई है।

क्या है पूरा मामला?

गन्ना समिति के चेयरमैन कुणाल चौधरी और जिला गन्ना अधिकारी सना आफरीन खान ने डीएम से मुलाकात कर मामले की जानकारी दी। जांच में पता चला कि लिपिक भरत कश्यप ने समिति के खातों में हेरफेर कर 5 करोड़ रुपये अपने रिश्तेदारों के खातों में ट्रांसफर किए। यह गबन वर्ष 2020 से 2024 के बीच हुआ, जब समिति का चुनाव नहीं हुआ था और यह अधिकारियों की निगरानी में थी। डीएम ने गबन की राशि वसूलने के लिए आरसी जारी करने और संलिप्त खातों पर कानूनी कार्रवाई के आदेश दिए हैं। समिति के सचिव मनोज कुमार और एससीडीआई शेष नारायण दीक्षित पर भी विभागीय कार्रवाई प्रस्तावित है।

डीएम अभिषेक पांडेय ने ली मामले की जानकारी

इस मामले की जानकारी मिलने पर गन्ना समिति के चेयरमैन कुणाल चौधरी और डीसीओ से जिलाधिकारी अभिषेक पांडेय ने मामले की विस्तार से जानकारी ली। डीसीओ को मंगलवार की दोपहर तक जांच रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए, ताकि आरोपियों खिलाफ जल्द से जल्द कार्रवाई हो सके।

देखिए वीडियो

 

 

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Sheetal Kumar Nehra
Sheetal Kumar Nehrahttps://www.khabarwala24.com/
मेरा नाम Sheetal Kumar Nehra है। मैं एक सॉफ्टवेयर डेवलपर और कंटेंट राइटर हूं , मुझे मीडिया और समाचार सामग्री में 17 वर्षों से अधिक का विभिन्न संस्थानों (अमरउजाला, पंजाब केसरी, नवोदय टाइम्स आदि ) में कंटेंट रइटिंग का अनुभव है । मुझे वेबसाइट डिजाइन करने, वेब एप्लिकेशन विकसित करने और सत्यापित और विश्वसनीय आउटलेट से प्राप्त वर्तमान घटनाओं पर लिखना बेहद पसंद है।

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