खबरवाला 24 न्यूज हापुड़ : फूलगढ़ी में बोरवेल में गिरने वाला मासूम बच्चे को राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य मिशन (आरबीएसके) के सुपुर्द कर दिया है। मूकबाधिर बच्चे की कर्णावत प्रत्यारोपण सर्जरी (कोक्लियर इंप्लांट) की तैयारी है, इसके लिए बच्चे को अब कानपुर रेफर किया जाएगा। ईएनटी सर्जन ने भी जांच की है, बृहस्पतिवार को भी मासूम सीएचसी में ही भर्ती रहा। सीटी स्कैन की रिपोर्ट सामान्य आई है।
फूलगढ़ी निवासी मोहसिन का मूकबधिर बच्चा मुआविया घर के पास ही बंद पड़े नलकूप के खुले बोरवेल में गिर गया था। करीब साढ़े पांच घंटे तक वह बोरवेल में फंसा रहा। पुलिस प्रशासन और एनडीआरएफ की टीम ने बच्चे को सकुशल निकाला था, जो तीन दिन से अब गढ़ रोड स्थित सीएचसी में ही भर्ती है।
सीएचसी अधीक्षक डॉ.दिनेश खत्री ने बताया कि बच्चे की हालत अब पहले से बेहतर है। गुम चोट और खिरौंच आने से फिलहाल बच्चे को बुखार है। वार्ड में तापमान नियंत्रित रखने के लिए हीटर भी लगवाया गया है। सीटी स्कैन की रिपोर्ट भी नॉर्मल आयी है। दवा देने के बाद बुखार उतर भी रहा है। विशेषज्ञ चिकित्सकों ने बच्चे को अपनी निगरानी में ही रखा हुआ है।
सीएमओ डॉ.सुनील त्यागी ने बच्चे को आरबीएसके के सुपुर्द किया है। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य मिशन की टीम ने मूकबधिक बच्चे की तमाम रिपोर्ट तलब कर ली हैं, बच्चे की कर्णावत प्रत्यारोपण सर्जरी को भी मंजूरी मिल गई है। बता दें कि इस सर्जरी का खर्च करीब आठ लाख रुपये तक आता है, आरबीएसके के तहत ही कानपुर में सर्जरी करायी जाएगी। इसके बाद बच्चा आसानी से सुनने लगेगा और बोल भी सकता है। मुआविया की एक्टिविटी अब ठीक है, वह खेलकूद के साथ दूध भी पी रहा है।
क्या है कोक्लियर इंप्लांट
कोक्लियर इंप्लांट एक छोटा, जटिल इलेक्ट्रानिक उपकरण है। यह उन लोगों को ध्वनि की भावना प्रदान करता है जो गहन या गंभीर बहरापन से पीड़ित है। या फिर बहुत ऊंचा सुनते हैं। कोक्लियर इंप्लांट में एक बाहरी भाग होता है जो कान के पीछे बैठता है दूसरे भाग को सर्जरी की मदद से भीचरी या आंतरिक कान में लगाया जाता है।


