Khabarwala 24 News New Delhi : Electric vs Manual Wheelchair इलेक्ट्रिक और मैनुअल दोनों व्हीलचेयर के अपने फायदे और नुकसान होते हैं। अगर आप या आपका पेशेंट बिना सहायता के खुद को आगे बढ़ा सकता है तो आप एक मैनुअल व्हीलचेयर खरीद सकते हैं। वहीं अगर आगे बढ़ने के लिए किसी चीज या दूसरे शख्स की जरूरत पड़ती है तो आपके लिए इलेक्ट्रिक व्हीलचेयर बेहतर ऑप्शन साबित हो सकती है।
अगर आप खुद को लंबे समय तक आगे नहीं बढ़ा सकते हैं तो एक इलेक्ट्रिक व्हीलचेयर आपकी एनर्जी कम खर्च होने देती है। इसमें आपको खुद की पावर कम लगानी पड़ती है। यहां हम आपको इन दोनों व्हीलचेयर के फायदे और नुकसान के बारे में बताएंगे इसके बाद आप खुद तय कर सकेंगे कि कौन-सी व्हीलचेयर खरीदनी चाहिए या नहीं। व्हीलचेयर खरीदने से पहले इन बातों पर ध्यान दें।
लाइफस्टाइल के हिसाब से खरीदें व्हीलचेयर (Electric vs Manual Wheelchair)
व्हीलचेयर सलेक्ट करने से पहले ये चेक करें कि आप कितनी बार सफर करते हैं। अगर आप अक्सर बाहर रहते हैं, तो एक हल्के और पोर्टेबल इलेक्ट्रिक व्हीलचेयर के बारे में सोच सकते हैं। इसके अलावा आप कैसी जगह पर रहते हैं और घूमते हैं। अगर आप ऊबड़-खाबड़ जगहों पर घूमते हैं, तो एक मजबूत और टिकाऊ इलेक्ट्रिक व्हीलचेयर सलेक्ट कर सकते हैं। अगर आपका बजट ज्यादा है तो आप इलेक्ट्रिक व्हीलचेयर खरीद सकते हैं।
इलेक्ट्रिक व्हीलचेयर के होने वाले नुकसान (Electric vs Manual Wheelchair)
इलेक्ट्रिक व्हीलचेयर के नुकसान की बात करें तो ये चेयर मैनुअल चेयर की तुलना में काफी मंहगी होती हैं जिसे हर कोई अफॉर्ड नहीं कर सकता है। इन व्हीलचेयर का वजन भारी होता है और ये कम पोर्टेबल होती हैं यानी आप इन्हें कहीं पर कैरी करके लेकर नहीं जा सकते। वहीं अगर आपके पास मैनुअल पोर्टेबल व्हीलचेयर होगी तो उसे आप कहीं भी फोल्ड करके लेकर जा सकते हैं।
बैटरी को समय पर चार्ज की जरूरत होती है (Electric vs Manual Wheelchair)
नॉर्मल मैनुअल व्हीलचेयर की तुलना में इलेक्ट्रिक व्हीलचेयर थोड़ी महंगी आती है। इनकी मेंटेनेंस का ध्यान रखना पड़ता है। मशीनों इलेक्ट्रिक चीजों में वायरिंग जरा भी हिल जाती है तो उससे बड़ा नुकसान भी हो सकता है। ऐसे में इसकी मेंटेनेंस पर नजर रखना जरूरी होता है। इस व्हीलचेयर में बैटरी और मोटर दी गई होती है। इसकी बैटरी को समय-समय पर चार्ज करने की जरूरत होती है। अगर गलती से आप चार्जन ले जाना भूल जाते हैं तो आपको परेशानी हो सकती है।
मैनुअल व्हीलचेयर कम खर्चीली और पोर्टेबल (Electric vs Manual Wheelchair)
मैनुअल व्हीलचेयर कम खर्चीली होती है. इसमें इलेक्ट्रिक व्हीलचेयर की तुलना में हल्की और पोर्टेबल होती है। इसमें कोई मोटर या बैटरी नहीं होती है इसलिए इसमें ज्यादा मेंटेनेंस की जरूरत नहीं पड़ती है। वहीं दूसरी ओर इस व्हीलचेयर को चलाने के लिए आपको हमेशा एक शख्स की मदद की जरूरत पड़ती है। अगर आप खुद भी खींचते हैं तो ज्यादा एनर्जी लगती है. इसे लेकर ज्यादा ऊबड़-खाबड़ वाले रास्तों पर ले जाना मुश्किल होता है। ध्यान दें सही व्हीलचेयर आप तभी सलेक्ट कर सकते हैं जब ऊपर बताए गए प्वॉइंट को समझ लेते हैं। इसके अलावा आपकी सिचुएशन,बजट और रहने की जगह पर डिपेंड करता है।


