नई दिल्ली, 5 दिसंबर (khabarwala24)। राज्यसभा में शुक्रवार को आम आदमी पार्टी के सांसद राघव चड्ढा ने शून्यकाल के दौरान गिग वर्कर्स की सुरक्षा और उनकी बदतर हालत का मुद्दा उठाया। चड्ढा ने सरकार से मांग की कि डिलीवरी बॉयज और अन्य गिग वर्कर्स की सुरक्षा के लिए तुरंत कदम उठाए जाएं और कंपनियों द्वारा थोपे जा रहे 10 मिनट डिलीवरी मॉडल को तुरंत खत्म किया जाए।
उन्होंने कहा कि जोमैटो, स्विगी, ब्लिंकिट और जेप्टो जैसे प्लेटफॉर्म्स के डिलीवरी पार्टनर्स और अर्बन कंपनी के सर्विस प्रोवाइडर्स वास्तव में भारतीय अर्थव्यवस्था के अदृश्य पहिए हैं, लेकिन इन्हीं कंपनी मालिकों की अरबों डॉलर की वैल्यूएशन इन मेहनतकश लोगों की टूटी हुई कमर और जोखिम भरी जिंदगी पर खड़ी है।
राघव चड्ढा ने कहा, “जब भी हम फोन पर बटन दबाते हैं और हमारे पास मैसेज आता है-‘आपका ऑर्डर रास्ते में है,’ ‘आपकी राइड आ गई है’ तो उसके पीछे कोई इंसान होता है जो समय से पहले पहुंचने के लिए रेड सिग्नल जंप करता है। तेज रफ्तार में बाइक चलाता है। सिर्फ एक मिनट की देरी होने पर उसकी रेटिंग गिरती है, इंसेंटिव कट जाता है या कई बार उसकी आईडी तक ब्लॉक कर दी जाती है।”
चड्ढा ने सदन में तीन प्रमुख समस्याओं की ओर ध्यान दिलाया।
10 मिनट डिलीवरी मॉडल के कारण राइडर्स रोज अपनी जान जोखिम में डालकर ट्रैफिक नियम तोड़ते हैं ताकि उन्हें खराब रेटिंग और ग्राहक की शिकायतों से बचाया जा सके।
वर्कर्स 12-14 घंटे तक भीषण गर्मी, ठंड, प्रदूषण और बारिश में बिना किसी सुरक्षा उपकरण के काम करते हैं।
सोशल सिक्योरिटी जैसे न स्थायी नौकरी, न ढंग का बीमा, न मेडिकल सुरक्षा, न ही भविष्य की कोई गारंटी, यह सब मिलकर इन्हें असुरक्षित और मजबूर बनाता है।
राघव चड्ढा ने कहा, “ये लोग रोबोट नहीं हैं। ये किसी के पिता हैं, किसी के पति हैं, किसी के भाई और किसी के बेटे हैं। ये अपना दर्द छिपाकर मुस्कुराते हुए आपका पार्सल देते हैं और कहते हैं, ‘सर, प्लीज फाइव स्टार रेटिंग दे देना।’
उन्होंने संसद से अपील की कि कम से कम 10 मिनट डिलीवरी के दबाव पर गंभीर चर्चा जरूर की जाए और गिग वर्कर्स को सामाजिक सुरक्षा देने पर विचार हो।
अंत में उन्होंने कहा, “देश इन मौन योद्धाओं की मेहनत पर चलता है। हमें इनकी गरिमा, सुरक्षा और उचित भुगतान सुनिश्चित करना ही होगा।”
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर भी उन्होंने लिखा, “आज संसद में, मैंने जोमैटो और स्विगी डिलीवरी बॉयज, ब्लिंकिट और जेप्टो राइडर्स, ओला और उबर ड्राइवर, अर्बन कंपनी के प्लंबर और टेक्नीशियन के बारे में बात की। उन्हें इज्जत, सुरक्षा और सही सैलरी मिलनी चाहिए।
Source : IANS
डिस्क्लेमर: यह न्यूज़ ऑटो फ़ीड्स द्वारा स्वतः प्रकाशित हुई खबर है। इस न्यूज़ में Khabarwala24.com टीम के द्वारा किसी भी तरह का कोई बदलाव या परिवर्तन (एडिटिंग) नहीं किया गया है| इस न्यूज की एवं न्यूज में उपयोग में ली गई सामग्रियों की सम्पूर्ण जवाबदारी केवल और केवल न्यूज़ एजेंसी की है एवं इस न्यूज में दी गई जानकारी का उपयोग करने से पहले संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञों (वकील / इंजीनियर / ज्योतिष / वास्तुशास्त्री / डॉक्टर / न्यूज़ एजेंसी / अन्य विषय एक्सपर्ट) की सलाह जरूर लें। अतः संबंधित खबर एवं उपयोग में लिए गए टेक्स्ट मैटर, फोटो, विडियो एवं ऑडिओ को लेकर Khabarwala24.com न्यूज पोर्टल की कोई भी जिम्मेदारी नहीं है।
Breaking News in Hindi और Latest News in Hindi सबसे पहले मिलेगी आपको सिर्फ Khabarwala24 पर. Hindi News और India News in Hindi से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर ज्वॉइन करें, Twitter पर फॉलो करें और Youtube Channel सब्सक्राइब करे।


