मुंबई, 12 फरवरी (khabarwala24)। फिल्म निर्माता-निर्देशक और अभिनेता अनुपम खेर एक लेखक भी हैं। वह ‘लेशन्स लाइफ टाउट मी’, ‘योर बेस्ट डे इज टूडे’ समेत चार किताबें लिख चुके हैं। अपनी चौथी किताब को लेकर वह उत्साहित नजर आए। जीवन के संघर्षों और सीख पर आधारित किताब ‘डिफ्रेंट बट नो लेस’ को बुकस्टोर में देखकर वह इमोशनल नजर आए।
इंस्टाग्राम पर पोस्ट करते हुए अनुपम खेर ने भावनाएं व्यक्त कीं। अनुपम ने बुकस्टोर में अपनी किताबें शेल्फ पर देखकर खुशी और कृतज्ञता व्यक्त की। उन्होंने इंस्टाग्राम पर यह खास पल शेयर करते हुए लिखा कि अपनी किताबें देखकर उन्हें एक शांत और बहुत आभार महसूस हो रहा है।
अनुपम खेर ने पोस्ट में बताया, ”एक एक्टर के तौर पर मुझे हमेशा यकीन था कि मेरी कहानियां स्क्रीन और स्टेज पर जिंदा रहेंगी। मगर मैंने कभी कल्पना भी नहीं की थी कि मैं एक दिन लेखक बन जाऊंगा। ‘लेखक’ यह शब्द अभी भी मेरे लिए नया खास और कोमल-सा लगता है।”
उन्होंने इस बात पर खास जोर दिया कि वह हिंदी मीडियम बैकग्राउंड से आते हैं, लेकिन उनकी चारों लाइफ-कोचिंग किताबें अंग्रेजी में लिखी गई हैं। फिर भी ये किताबें बुकस्टोर की शेल्फ पर जगह बना रही हैं।
उन्होंने लिखा, ”उस शेल्फ पर रखी हर कॉपी सिर्फ एक किताब नहीं है, बल्कि यह एक याद दिलाती है कि भाषा कोई लिमिट नहीं है। सपने बदल सकते हैं और नए आविष्कार की कोई उम्र नहीं होती। यह मुझे न सिर्फ जरूरी महसूस कराता है, बल्कि बहुत-बहुत शुक्रगुजार भी।”
अनुपम खेर की चारों किताबें लाइफ-कोचिंग और सेल्फ-हेल्प कैटेगरी में हैं, जो पाठकों को जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने, आत्मविश्वास बढ़ाने और चुनौतियों से निपटने के तरीके सिखाती हैं। अभिनेता से लेखक बनने का उनका सफर कई लोगों के लिए प्रेरणादायक है। उन्होंने यह भी बताया कि हिंदी मीडियम से पढ़ाई करने के बावजूद अंग्रेजी में लिखना उनके लिए एक नया और चुनौतीपूर्ण अनुभव रहा।
Breaking News in Hindi और Latest News in Hindi सबसे पहले मिलेगी आपको सिर्फ Khabarwala24 पर. Hindi News और India News in Hindi से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर ज्वॉइन करें, Twitter पर फॉलो करें और Youtube Channel सब्सक्राइब करे।


