Khabarwala24 News: पश्चिम बंगाल के बर्धमान जिले के दुर्गापुर में इंसानियत को शर्मसार करने वाली घटना सामने आई है। यहां एक मेडिकल कॉलेज की दूसरे वर्ष की छात्रा के साथ तीन युवकों ने सामूहिक दुष्कर्म (gangrape) किया। पीड़िता ओडिशा के जलेश्वर की रहने वाली है। शुक्रवार रात वह अपनी सहेली के साथ खाना खाने कॉलेज के बाहर गई थी, तभी तीन युवक पहुंचे और घटना को अंजाम दिया।
जंगल में ले जाकर की दरिंदगी
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार रात करीब 8 से 8:30 बजे के बीच तीन युवक छात्रा और उसकी सहेली के पास आए। युवकों को देखकर सहेली डर गई और मौके से भाग निकली। इसके बाद आरोपियों ने छात्रा का मोबाइल छीन लिया और उसे जबरन पास के जंगल में ले गए। वहां तीनों ने उसे अपनी हवस का शिकार बनाया।
वारदात के बाद दरिंदों ने छात्रा को धमकाया कि अगर उसने किसी को कुछ बताया तो नतीजा गंभीर होगा। यहां तक कि उन्होंने कहा कि अगर मोबाइल वापस चाहिए तो पैसे देने होंगे।
अस्पताल में भर्ती, हालत नाजुक
घटना के बाद पीड़िता की हालत बेहद गंभीर बताई जा रही है। उसे तुरंत दुर्गापुर के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है। डॉक्टरों के अनुसार, छात्रा मानसिक और शारीरिक रूप से सदमे में है।
ओडिशा से पहुंचे माता-पिता, न्याय की मांग
शनिवार सुबह घटना की जानकारी मिलते ही पीड़िता के माता-पिता ओडिशा से दुर्गापुर पहुंचे। मां ने पुलिस से तुरंत कार्रवाई की मांग की, जबकि पिता ने कहा —
“हमने सुना था कि यहां की पढ़ाई और सुरक्षा व्यवस्था अच्छी है, इसलिए अपनी बेटी को यहां भेजा था। लेकिन अब जो हुआ है, उसने हमें तोड़ दिया है। दोषियों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए।”
पुलिस ने दर्ज किया केस, जांच जारी
दुर्गापुर पुलिस ने तीनों आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फोरेंसिक टीम को मौके पर भेजा गया है ताकि साक्ष्य जुटाए जा सकें। पुलिस ने छात्रा का बयान दर्ज किया है और उसकी सहेली से भी पूछताछ की जा रही है।
जांच अधिकारियों का कहना है कि हमलावरों ने वारदात की पहले से प्लानिंग की थी। घटना स्थल के आस-पास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है।
महिला आयोग की टीम पहुंची दुर्गापुर
इस घटना पर राष्ट्रीय महिला आयोग (NCW) ने सख्त रुख अपनाया है। आयोग की सदस्य अर्चना मजूमदार ने कहा —
“पश्चिम बंगाल में महिलाओं के खिलाफ अपराध तेजी से बढ़ रहे हैं। पुलिस की निष्क्रियता चिंता का विषय है। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी को महिलाओं की सुरक्षा पर ठोस कदम उठाने चाहिए और इस पीड़िता को न्याय दिलाना चाहिए।”
एनसीडब्ल्यू की एक टीम दुर्गापुर रवाना हो चुकी है, जो पीड़िता और उसके परिवार से मुलाकात करेगी।
कॉलेज प्रशासन पर भी सवाल
इस घटना के बाद कॉलेज प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं। छात्रों का कहना है कि कॉलेज के आसपास अंधेरा रहता है और सुरक्षा गार्डों की तैनाती पर्याप्त नहीं है। स्थानीय लोगों ने पुलिस गश्त बढ़ाने और स्ट्रीट लाइट लगाने की मांग की है।
समाज में गुस्सा, न्याय की मांग तेज
घटना के बाद पूरे शहर में गुस्सा है। सोशल मीडिया पर लोग न्याय की मांग कर रहे हैं। कई संगठनों ने कहा है कि इस तरह के अपराधों पर सख्त सजा देकर ही महिलाओं के खिलाफ बढ़ते अपराधों को रोका जा सकता है।
महिलाओं की सुरक्षा पर फिर उठा सवाल
यह वारदात एक बार फिर यह सवाल खड़ा करती है कि महिलाएं कब सुरक्षित होंगी? कॉलेज परिसर से लेकर सड़क तक, महिलाओं को डर के साए में जीना पड़ता है। राज्य सरकार और प्रशासन को अब ज़मीनी स्तर पर ठोस कदम उठाने होंगे ताकि इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
दुर्गापुर की यह घटना सिर्फ एक छात्रा के साथ नहीं, बल्कि पूरे समाज के साथ हुई है। यह समय है कि पुलिस, प्रशासन और सरकार मिलकर महिलाओं की सुरक्षा को प्राथमिकता बनाएं और ऐसे दरिंदों को जल्द से जल्द सजा दिलाई जाए।
Breaking News in Hindi और Latest News in Hindi सबसे पहले मिलेगी आपको सिर्फ Khabarwala24 पर. Hindi News और India News in Hindi से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर ज्वॉइन करें, Twitter पर फॉलो करें और Youtube Channel सब्सक्राइब करे।


