Hapur Crime News Khabarwala 24 News Hapur:जनपदीय साइबर सैल व थाना पिलखुवा पुलिस की संयुक्त टीम ने बैंक अधिकारियों/ कर्मचारी बनकर भोले भाले लोगों को लोन दिलाने के नाम पर उनके महत्वपूर्ण दस्तावेज(आधार कार्ड, पैन कार्ड व कैंसिल चैक आदि) कोरियर से मंगवाकर उनमें एडिटिंग कर धोखाधड़ी से उनके बैंक खातों से रुपये निकालने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए दो शातिर आरोपियों को धौलाना कट के पास से गिरफ्तार किया है।
क्या है पूरा मामला
पिलखुवा के मोहल्ला सर्वोदय नगर निवासी विशाल तोमर ने पिलखुवा कोतवाली में मुकदमा दर्ज कराते हुए बताया था कि वह भिवाडी राजस्थान में एक प्राईवेट कम्पनी मे जाब करता है ।सप्ताह मे शनिवार व रविवार अपने घर पर रहता है। बाकी दिनों में प्रार्थी भिवाडी राजस्थान मे अपनी नौकरी पर रहता है। उसे निजी कार्य के लिये पर्सनल लोन की आवश्यकता थी तो उसने कोटक महिन्द्रा बैंक मे आनलाईन लोन के लिये आवेदन किया था । आवेदन करने के कुछ दिन बाद उसके पास कोटक महिन्द्रा से काल आई जिसमे बताया गया कि उसका सिविल स्कोर सही न हो ने के कारण लोन नही हो सका। पीड़ित ने पुलिस को बताया कि 18.07.2023 को उसके पास एक व्यक्ति की काल आई। फोन पर बात कर रहे आरोपी व्यक्ति ने अपना नाम सुधीर कुमार बताया व खुद को कोटक महिन्द्रा बैंक का रिलेशनशिप मैनेजर बताते हुए उससे कहा कि आपका 02 लाख तक का पर्सनल लोन करा दूंगा। पीड़ित को विश्वास में लेकर उसके व्हाटसएप पर अपना आई कार्ड भेजा और यह बताया कि उसके पास एक कोरियर वाला एक लड़का आएगा उसके कोरियर चार्ज का पैमेंट करते हुए दो कैन्सल चैक, आधार कार्ड, पैन कार्ड व बैंक की स्टेटमेंट दे देना उसके बाद आपका लोन स्वीकार हो जाएगा।
पीड़ित ने पुलिस को बताया कि उसके पास बोरजो कोरियर कम्पनी से एक लड़का आया और उससे एक लिफाफे में आधार कार्ड, पैन कार्ड व उसके एचडीएफसी बैंक खाता के स्टेटमेंट की छायाप्रति व इसी बैंक खाते के दो CANCLE चैक व अपने हस्ताक्षर बनाकर कोरियर वाले लड़के को दे दिए। उसके बाद उसके खाते से 53 हजार रुपये की ठगी कर ली।
पुलिस ने आरोपियों की तलाश कर दी शुरू
पुलिस ने विशाल तोमर का मुकदमा दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी। जनपदीय साइबर सैल की टीम इस मामले की जांच कर आरोपियों की तलाश में जुट गई और आखिरकार उन्हें सफलता मिल ही गई।
आरोपियों ने पूछताछ में क्या बताया
एसपी अभिषेक वर्मा ने बताया कि पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि वह लोग जरुरतमंद लोगों को पर्सनल लोन दिलाने के नाम पर कॉल करके विश्वास में लेने के लिये KOTAK MAHINDRA BANK का अधिकारी/कर्मचारी बनकर फर्जी पहचान पत्र (जिस पर सुधीर नाम लिखा हुआ है) व्हॉटसएप पर भेजकर भोले-भाले लोगों का आधार कार्ड, पैन कार्ड, बैंक का स्टेटमेंट व कैंसिल चैक को कोरियर कम्पनी बोरजों के माध्यम से मंगवाकर चैक पर लिखे CANCEL को Paint Removal Liquid को एक कॉटन पर लगाकर धीरे-धीरे चैक पर लिखे CANCEL पर रगड़कर मिटाते थे। उसमें मार्कर पैन से धनराशि व नाम भरकर बैंक में बोरजो कोरियर कम्पनी के माध्यम से चैक भेज देते थे। वह लोग स्वयं किसी व्यक्ति के पास जाकर बैंक आदि प्राप्त नहीं करते थे और न ही बैंक में चैक लगाने स्वयं जाते थे।
शातिर ठग हैं पकड़े गए आरोपी
पुलिस ने बताया कि गिरफ्तार अभियुक्तगण शातिर किस्म के अपराधी/ठग हैं, जो पिछले करीब एक वर्ष से इस प्रकार के अपराध में संलिप्त थे। जिनके द्वारा एनसीआर क्षेत्र के जनपदों व अन्य राज्यों में इस तरह की घटनाओं अंजाम देकर लगभग 17 लाख रुपये का ठगी की जा चुकी है
यह हैं पकड़े गए आरोपी
मनोज निवासी मंगोलपुरी थाना राजपार्क उत्तर पश्चिम दिल्ली व हाल पता खाटूश्याम सोसाइटी थाना विजय विहार दिल्ली
नील निवासी मंगोलपुरी नाॅर्थ वेस्ट दिल्ली
यह किया गया बरामद
25 चैक
900 रुपये
5 डेबिट कार्ड
घटना में प्रयुक्त पांच मोबाइल, एक बोतल Acetone Compond (Paint removal liquid)
काॅटन रोल
एक आई 20 कार



