Khabarwala 24 News Pilkhuwa (Hapur): यूपी के जनपद हापुड़ में थाना पिलखुवा पुलिस व एसओजी की संयुक्त टीम की गांव डूहरी के जंगल में बदमाशों से मुठभेड़ हो गई। जिसमें एक बदमाश पुलिस की गोली लगने से घायल हो गया। पुलिस ने अलग अलग स्थानों से घायल बदमाश सहित चार बदमाशों को गिरफ्तार किया है। बदमाशों के गांव डूहरी स्थित सर्व यूपी ग्रामीण बैंक में चोरी की घटना को अंजाम दिया था। बदमाशों से बैंक गार्ड की बंदूक, तमंचा, कारतूस और घटना में प्रयुक्त बाइक बरामद की है।
पुलिस अधीक्षक अभिषेक वर्मा ने बताया कि 24 अगस्त की रात बदमाशों ने डूहरी गांव स्थित सर्व यूपी ग्रामीण बैंक से सिक्योरिटी गार्ड की बंदूक और नोट गिनने वाली मशीन चोरी कर ली थी। घटना का पर्दाफाश करने के लिए कोतवाली पुलिस के साथ एसओजी टीम को लगाया गया था।बदमाशों की तलाश में पुलिस ने रात दिन एक कर दी थी, लेकिन उनका कुछ पता नहीं चल सका था। शनिवार सुबह पुलिस को सूचना मिली कि वारदात में शामिल बदमाश गांव डूहरी पेट्रोल पंप के पीछे जंगल में खड़े हैं। वह किसी वारदात को अंजाम देने की फिराक में है। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची और बदमाशों की घेराबंदी कर ली।
इस दौरान बदमाशों ने पुलिस पर फायरिंग कर दी। जवाबी फायरिंग में जिला गौतमबुद्धनगर के थाना बिसरख क्षेत्र के रोजा जलालपुर का करन पैर में गोली लगने से घायल हो गया। पुलिस ने उसके साथी थाना व कस्बा सूरजपुर के मोहित को गिरफ्तार कर लिया। दोनों ने बैंक चोरी में शामिल अपने दो साथियों के बारे में पुलिस को जानकारी दी। जिसके बाद पुलिस ने बड़ौदा हिंदवान रेलवे फाटक के पास से जिला बुलंदशहर के स्याना के फैजान व जिला गौतमबुद्धनगर के दादरी क्षेत्र के मेवातियान जाटवों वाली गली के आरिफ को गिरफ्तार कर लिया। फैजान वर्तमान में एस्कोर्ट कालोनी में रह रहा है।
बैंक में लाखों रुपये होने की सूचना पर की थी वारदात
पुलिस ने बताया कि पूछताछ करने पर बदमाशों ने बताया कि उन्हें जानकारी मिली थी कि बैंक में 35 से 40 लाख रुपये मौजूद रहता है। चोरी के दौरान रुपये तो उन्हें नहीं मिले। इस पर उन्होंने गार्ड की बंदूक और नोट गिनने की मशीन चोरी कर ले गए थे। पूछताछ में बदमाशों ने पुलिस को बताया कि मशीन उन्होंने एक कबाड़ी को बेच दी गई है।
कई दिनों तक बैंक की रैकी की
पूछताछ में बदमाशों ने पुलिस को बताया कि उन्होंने कई दिनों तक बैंक की रैकी की थी। एक दिन वह वारदात करने आए तो पुलिस के दो सिपाही उन्हें बैंक के पास दिखाई दिए। इस पर वह वापस लौट गए थे। फिर दोबारा मौका मिलने पर वारदात को अंजाम दिया।
मोबाइल का नहीं किया इस्तेमाल
पुलिस ने बदमाशों की तलाश में दिन रात एक कर रखी थी। लेकिन उसे सफलता नहीं मिल पा रही है। वारदात के समय बदमाशों ने मोबाइल फोन का इस्तेमाल भी नहीं किया। इस पर पुलिस ने अपने मुखबिरों का जाल फैलाया और सीसीटीवी की फुटेज से बदमाशों की तलाश शुरू कर दी। आखिरकार पुलिस के हत्थ बदमाश चढ़ गए और उन्होंने उन्हें गिरफ्तार कर वारदात का पर्दाफाश कर दिया।



