बीजिंग, 1 जनवरी (khabarwala24)। चीन के क्वांगतोंग प्रांत के हुआंगफु सीमा शुल्क के अनुसार, गुरुवार की सुबह, वर्ष 2026 में क्वांगतोंग-हांगकांग-मकाऊ ग्रेटर बे एरिया की पहली चीन-यूरोप रेलवे एक्सप्रेस पूर्वी क्वांगतोंग के जेंगचेंग पश्चिम स्टेशन से रवाना हुई।
इस ट्रेन में 110 मानक कंटेनर थे, जिनका माल मूल्य लगभग 2 करोड़ युआन था। वह खोरगोस बंदरगाह से बाहर निकलेगी और 14 दिनों में पोलैंड के मालाशेविच पहुंचने की उम्मीद है।
जेंगचेंग पश्चिम स्टेशन, क्वांगतोंग-हांगकांग-मकाऊ ग्रेटर बे एरिया में सबसे बड़ा और उच्च स्तरीय उत्पादन सेवा उन्मुख राष्ट्रीय लॉजिस्टिक्स केंद्र है, जो वर्तमान में 14 आउटबाउंड मार्गों और 8 इनबाउंड मार्गों का संचालन करता है, जो यूरोप, मध्य एशिया और आसियान के 17 देशों के 34 शहरों को जोड़ता है।
इसके अलावा, नव वर्ष 2026 की मध्यरात्रि को, 45 कंटेनर फोटोवोल्टिक मॉड्यूल से पूरी तरह लदी एक चीन-यूरोप रेलवे एक्सप्रेस चीन के शैनशी प्रांत के शिआन अंतर्राष्ट्रीय बंदरगाह स्टेशन से रवाना हुई। यह ट्रेन भी खोरगोस बंदरगाह से बाहर निकलेगी, कजाकिस्तान और कैस्पियन सागर को पार कर अंत में अजरबैजान के बाकू पहुंचेगी।
2026 में कैस्पियन सागर को पार करने वाली पहली चीन-यूरोप रेलवे एक्सप्रेस (शिआन) होने के नाते, इस ट्रेन का पारगमन समय 2019 में इसके संचालन की शुरुआत में 15-23 दिनों से घटकर वर्तमान में लगभग 11 दिन रह गया है। नवंबर 2025 के अंत तक, चीन-यूरोप रेलवे एक्सप्रेस (शिआन) ने कुल 466 ट्रेनें चलाई हैं।
(साभार- चाइना मीडिया ग्रुप, पेइचिंग)
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